दान और ग्रह—एक गहरी समझ: क्या दान करें, कब करें और क्यों करें?
ग्रहों का दान कैसे करें? Graho Ka Daan Kaise Kare? ज्योतिष में दान एक ऐसा उपाय माना जाता है जिसके ...
गंड-मूल दोष की एक सरल लेकिन गूढ़ ज्योतिषीय व्याख्या भाग-2।
Gandmool Dosh Kya Hota Hai? इस विस्तृत लेख के पहले भाग में हमने इसके मूल सिद्धांतों को समझा— क्यों केवल ...
गंड-मूल दोष की एक सरल लेकिन गूढ़ ज्योतिषीय व्याख्या भाग-1।
गंडमूल दोष क्या होता है? Gandmool Dosh in Hindi — ज्योतिष शास्त्र में कुल 27 नक्षत्र होते हैं, लेकिन इनमें ...
लग्न दोष भाग-3 जब दोष गुरु बनता है — अंतिम विश्लेषण और समाधान।
प्रस्तावना — इस तीसरे भाग में हम क्या देखने वाले हैं? लग्न दोष (Lagna Dosh In Kundali) पर आधारित इस ...
भाग 1 से आगे: अब सिद्धांत से अनुभव की ओर की यात्रा।
भाग-1 में हमने लग्न दोष (Lagna Dosh Kya Hai) के सिद्धांत को उसके मूल स्वरूप में समझा— कि लग्न क्या ...
लग्न दोष – भाग 1: आत्मबल की कमजोरी और जीवन की दिशा पर उसका प्रभाव।
परिचय: जब ‘मैं’ ही कमजोर पड़ जाए मनुष्य के जीवन में सबसे बड़ी शक्ति क्या है? न धन, न यश, ...
पाया विचार – जन्म के पैर का वास्तविक महत्व।
भूमिका – जन्म के पैर की लोक-मान्यता और वास्तविकता Paya in Astrology — भारत में जब किसी घर में नवजात ...
अष्टम–द्वादश सिद्धांत: मृत्यु, व्यय और जीवन-ऊर्जा का रहस्य।
प्रस्तावना: अष्टम–द्वादश सिद्धांत क्या है? ज्योतिष में जब हम “जीवन” की बात करते हैं, तो साथ-साथ “मृत्यु” भी उसी परिपथ ...
भावत भावम भाग 4 का अंतिम उपभाग: धर्म से मोक्ष तक की अंतिम यात्रा।
प्रिय पाठक, “Bhavat Bhavam in Astrology in Hindi” आप भावत भावम सिद्धांत की इस अद्भुत यात्रा के अंतिम पड़ाव पर ...
भावत भावम सिद्धांत – भाग 4 : एक वास्तविक कुंडली पर शोधात्मक प्रयोग का दूसरा भाग।
प्रिय पाठक, यदि आप सीधे इस भाग से पढ़ना शुरू कर रहे हैं, तो आपसे विनम्र निवेदन है — कृपया ...